महराजगंज। नेपाल के गोरखा जिले में भूस्खलन के कारण प्राकृतिक बांध टूटने और अचानक बाढ़ आने की सूचना के बाद महराजगंज जिला प्रशासन अलर्ट हो गया है। गंडक नदी में जलस्तर बढ़ने की आकांशा को देखते हुए सीमावर्ती क्षेत्रों में निगरानी तेज करदी गयी हैं। अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
हालांकि, जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने रविवार शाम कलेक्ट्रेट में प्रेस वार्ता कर स्तिथि की जानकारी ली। फिलहाल जिलाधिकारी ने बताया की नेपाल में हुई घटना को लेकर अधिकारियों से संपर्क किया जा रहा हैं। रहता आयुक्त कार्यालय और नेपाल के अधिकारियों के साथ सूचनाओं का आदान-प्रदान किया जा रहा हैं।
जानकारी के मुताबिक, वाल्मीकिनगर बैराज पर जलप्रवाह सामान्य बताया जा रहा है। नेपाल के चुमनुबरी ग्रामीण नगरपालिका क्षेत्र में भूस्खलन के चलते बूढ़ी गंडक नदी की एक सहायक नदी पर बना प्राकृतिक बांध टूटने की सूचना मिली है। इसके बाद महराजगंज जिला प्रशासन ने नदियों के जलस्तर और सीमावर्ती क्षेत्रों की स्थिति पर निगरानी बढ़ा दी है।
प्रसाशन के अनुसार, फिलहाल नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है और तत्काल चिंता की स्थिति नहीं है। वहीं, वाल्मीकिनगर बैराज पर जलप्रवाह भी सामान्य बताया जा रहा है। हालांकि, जलस्तर में किसी भी तरह का बदलाव होने पर प्रशासन की ओर से आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
जिला प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है, ताकि बाढ़ की आशंका के बीच किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।
डीएम के मुताबिक, पिछले अगस्त में नेपाल के भोटेकोशी क्षेत्र में आई बाढ़ के अनुभव को देखते हुए प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है। आपदा प्रबंधन से जुड़ी इकाइयों को सक्रिय कर दिया गया है और अगले 12 से 14 घंटे तक लगातार निगरानी की जाएगी।
फिलहाल नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है और तत्काल चिंता की स्थिति नहीं है। हालांकि, जलस्तर में बदलाव होने पर प्रशासन जरूरी कदम उठाएगा।