Shiv Temple In Maharajganj : जमीन से प्रकट हुआ शिवलिंग ! सदियों पुराना हरपुर महंत का रहस्यमयी शिव मंदिर

    18-Mar-2026
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Shiv Temple In Maharajganj : नेपाल सीमा से सटे हुए उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले में स्थित हरपुर महंत गांव का प्राचीन शिव मंदिर आस्था और इतिहास का अनोखा संगम माना जाता है। यह मंदिर अपनी प्राचीनता और चमत्कारिक मान्यताओं के कारण दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।

यूँ तो जिले के अलग-अलग हिस्सों में बहुत से धार्मिक और ऐतिहासिक स्थल मौजूद हैं जो अपनी अलग कहानी बताते हैं। जिले के अलग-अलग हिस्सों में कई शिव मंदिर स्थित है जो बेहद प्राचीन है। लेकिन जिले के हरपुर महंत गांव में स्थित इस मंदिर को ज्यादातर लोग हरपुर महंत का प्राचीन शिव मंदिर के नाम से जानते हैं। ऐसी मान्यता है कि यह प्राचीन शिव मंदिर आज से नहीं बल्कि सदियों से जहां पर मौजूद है।

यह मंदिर अपने आप में धार्मिक इतिहास को समेटे हुए हैं और आज भी वहीं पर खड़ा है। गांव के पूरब दिशा में स्थित इस मंदिर मंदिर की बनावट बहुत ही पुरानी है जो इसके इतिहास को प्रदर्शित करता है।


महराजगंज जिले के हरपुर महंत प्राचीन शिव मंदिर के पुजारी सुभाष चन्द शर्मा ने बताया कि यह मंदिर आज का नहीं बल्कि आज से हजारों साल पुराना है. इस मंदिर का निर्माण महंत भैरव गिरी ने कराया था जो काफी प्राचीन है। इसके अलावा समय के साथ-साथ अन्य दूसरे छोटे-बड़े मंदिरों का निर्माण हुआ है।

उन्होंने बताया कि इस मंदिर का इतिहास इतना पुराना है कि हमारी पीढ़ी को तो इसकी जानकारी नहीं है लेकिन हमारे पूर्वज ऐसा बताते थे कि इस मंदिर की स्थापना नहीं हुई थी बल्कि यहां पर स्वयं जमीन से शिवलिंग प्रकट हुआ था जिसके बाद से यहां मंदिर का निर्माण हुआ।

इसके साथ ही उन्होंने बताया की इस मंदिर का निर्माण जिस महंत ने कराया उनका नाम जरूर मिलता है, लेकिन किस सन में इसका निर्माण हुआ उसकी निश्चित जानकारी किसी को नहीं है।

यही वजह है कि हरपुर महंत में स्थित प्राचीन शिव मंदिर के सटीक निर्माण की जानकारी किसी को नहीं है जो सदियों से यहां पर स्थित है।

मनोकामनाएं होती है पूरी
मंदिर के पुजारी सुभाष चन्द शर्मा बताते हैं कि इस मंदिर पर सिर्फ स्थानीय लोग पूजा पाठ के लिए नहीं आते हैं बल्कि स्थानीय लोगों के अलावा गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर और दूर-दूर के जगह से भी लोग पूजा अर्चना के लिए यहां पर आते हैं। इस प्राचीन शिव मंदिर की ऐसी कृपा है कि दुर दराज के लोग यहां पर आते हैं और भगवान शिव से अपनी मनोकामनाएं रखते हैं जो आगे चलकर पूरी भी होती है।

मंदिर के पुजारी ने बताया कि सावन के महीने के अलावा महाशिवरात्रि के दिन यहां भव्य धार्मिक आयोजन होता है। इसके अलावा आगामी अप्रैल में यहां पर ग्यारह दिनों तक चलने वाला धार्मिक यज्ञ भी शुरू होने वाला है।