Maharajganj News : सीमा पार से आ रहा ‘खामोश जहर’! इस की तस्करी से युवाओं को बना रहे निशाना
30-Mar-2026
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ठूठीबारी। भारत-नेपाल सीमा से सटे इलाकों में चाइनीज ई-सिगरेट (Vape) की तस्करी तेजी से बढ़ रही है। इसे नेपाल के रास्ते भारत भेजकर तस्कर मोटी कमाई करने में लगे हुए हैं। विदेशी आइटम के नाम पर चाइनीज ई-सिगरेट व फ्लेवर की भारतीय क्षेत्र में अधिक डिमांड है। इसी वजह से हाल के दिनों इसके तस्करी के मामले सामने आए हैं।
भारत-नेपाल सीमा खुला होने की वजह से तस्कर बाॅर्डर पार कर धंधे को अंजाम देते हुए मोटी कमाई करने में लगे हुए हैं। नेपाल में चाइनीज ई-सिगरेट की कीमत 1000 रुपये से लेकर तकरीबन 1500 रुपये है। वेपिंग डिवाइस के साथ तस्कर सीमा पार कर पफ्स और फ्लेवर के आधार पर इसकी कीमत 2000 रुपये से लेकर 6,000 रुपये प्रति पीस बेच हैं।
चाइनीज ई-सिगरेट फल, कैंडी, पुदीना और मेन्थॉल स्वाद की ज्यादा मांग है। अधिकांश युवा तंबाकू की जगह फ्लेवर के साथ निकोटीन का सेवन करते हैं। नेपाल में चाइनीज ई-सिगरेट (वेप) फ्लेवर का उपयोग नेपाल के काठमांडू, पोखरा, पाल्पा, तानसेन, लुमजुम, बुटवल, भैरहवां, नवलपरासी जैसे शहरी क्षेत्रों में युवा करते हैं। वेपिंग डिवाइस और निकोटीन लिक्विड्स के रूप में शहर के कैफे, सोशल पार्टियों और दुकानों पर बेचे जा रहे हैं, जो तंबाकू के विकल्प के रूप में लोकप्रिय हैं।
वहीं तस्कर चाइनीज ई-सिगरेट नेपाल के रास्ते बॉर्डर के समीप भारतीय सीमा क्षेत्र के रेस्टोरेंट व होटलों में दो से तीन गुने दाम में बेच शौकीन युवाओं को लत लगा रहे हैं।